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वर्ष 2017 समाप्त हो रहा है और वर्ष 2018 आरंभ होगा। ऐसे में सभी को ज्योतिष के आधार पर अपना-अपना भविष्य जानने की उत्सुकता है। गोचर तथा नामराशि के आधार पर आने वाला वर्ष 2018 का भाग्यफल तैयार है। गोचर पर आधारित होने एवं जन्मकालीन कुंडली में ग्रहों की दशा-अन्तर्दशा को देखते हुए संभव है कि यह कुछ लोगों के लिए खरा न उतरें। अतः इसे दिशा-निर्देश ही मानें।

मेष (Aries) (चू, चे, चो, ला, ली, लू, ले, लो, अ)

वर्ष 2018 मेष राशि वालों के लिए मिश्रित फलदायी रहेगा। 18 अप्रेल से शनि वक्री हो रहा है, इसी प्रकार 11 अक्टूबर से गुरु भी अष्टम भाव में आ जाएगा जिससे इस वर्ष कड़ी भागदौड़ के बाद भी मेष राशि वालों को अपेक्षा अनुरूप परिणाम नहीं मिल पाएगा और मन में खिन्नता बनी रहेगी। पूरे वर्ष शरीर में रोग, पीड़ा बनी रहेगी। परिवार में अशांति तथा कार्यस्थल पर साथियों व उच्चाधिकारियों के साथ मनमुटाव बना रहेगा जिससे हर तरफ निराशा का माहौल बना रहेगा। वर्ष के मध्य में गुरु की अनुकूलता से कुछ बिगड़े काम बन जाएंगे परन्तु सभी में सफलता की उम्मीद न करें। ग्रहों के अशुभ प्रभाव से बचने के लिए शनि, राहू तथा गुरु की शांति के उपाय करें, अवश्य लाभ होगा। मानसिक उत्तेजना से दूर रहें और धैर्य रख कर ही कोई काम करें।

जनवरी से मार्च तक का समय आपके लिए कष्टदायक हो सकता है, सावधानी रखें। अनावश्यक दौड़-धूप व अपव्यय के चलते परेशान रहेंगे। अप्रैल में मित्रों तथा स्वजनों के सहयोग से आपके रूके हुए कार्य बनने लगेंगे। इसके बाद आपके लिए सितंबर तक का समय सफलता देने वाला रहेगा। नवीन योजनाओं से लाभ होगा। नौकरी व व्यापार में तरक्की दिखाई देगी। पारिवारिक सुख मिलेगा। स्वास्थ्य के प्रति सावधान रहें। अक्टूबर से दिसंबर तक के बीच समय अशुभ फल देने वाला रहेगा। क्रोधी स्वभाव के चलते दुखी रहेंगे, स्त्री-सुख भी अल्प रहेगा।

नए वर्ष की निम्न तारीखें आपके लिए अनिष्टकारक रहेंगी अतः कोई भी शुभ कार्य करने से बचें।


वृषभ (Taurus) (ई, उ, ए, ओ, वा, वि, बू, बे, बो)

वर्ष 2018 में गुरु शत्रु भाव में बना रहेगा जिससे व्यर्थ ही वाद, विवाद, धनहानि, पड़ौसियों से शत्रुता तथा स्वास्थ्य का नुकसान होने की आशंका बनी रहेगी। शनि की ढैय्या भई लोहे के पाए में होने के कारण आपके लिए उपयुक्त नहीं है। कड़े प्रयासों के बाद भी विफलता बनी रहेगी और नौकरी तथा व्यापार में भी असफलता का सामना करना पड़ सकता है। अक्टूबर मध्य में गुरु के वृश्चिक राशि में प्रवेश करने से अशुभ फलों में कुछ कमी आएगी और व्यापार, स्वास्थ्य, आदि में सुधार होगा। जीवन स्तर ऊंचा उठेगा, स्त्री-संतान सुख की भी प्राप्ति होगी। सत्पुरुषों की संगति व इष्ट मित्रों के सहयोग से अपेक्षित सफलताएं मिलेंगी।

जनवरी, फरवरी में व्यर्थ के खर्चें परेशान करेंगे। आलस्य के चलते लाभ के अवसर हाथ से छूट सकते हैं। मार्च व अप्रैल में स्त्री व संतान का सुख बढ़ेगा। क्रोध पर नियंत्रण रखेंगे तो सफलता प्राप्त करेंगे। मई से जुलाई तक का समय खराब स्वास्थ्य के चलते कष्टदायक रहेगा। धन के अभाव में योजनाएं अटकेंगी। परिवार में कोई मांगलिक कार्य होगा। अगस्त, सितंबर में गुप्त शत्रु आपके विरूद्ध छल-प्रपंच करेंगे, सावधान रहें। अक्टूबर से दिसंबर तक का समय आपके लिए विशेष शुभ फलदायी होगा। इस अवधि में मित्रों व स्वजनों के सहयोग से मनवांछित सफलता प्राप्त करेंगे, रूके हुए कार्य भी पूर्ण होंगे। लाभ बढ़ेगा।

नए वर्ष की निम्न तारीखें आपके लिए अशुभ हैं, अतः सावधान रहें।


मिथुन (Gemini) (क, की, कु, घ, ड़, छ, के, को, ह)

वर्ष 2018 मिथुन राशि के लिए सामान्य रहेगा। यद्यपि इस वर्ष राहु-केतु व शनि आपके प्रतिकूल ही रहेंगे परन्तु गुरु ग्रह पांचवे घर में होने के कारण आपके अनुकूल रहेगा और शुभ परिणाम देता रहेगा। आलस्य तथा किसी स्त्री के कारण आपको कष्ट की प्राप्ति होगी। शत्रु बढ़ेंगे परन्तु आपको अधिक कष्ट नहीं पहुंचा पाएंगे। नौकरी-व्यापार में तरक्की होगी, संतान सुख मिलेगा, किसी आवश्यक कारण से कर्ज लेना पड़ सकता है, व्यर्थ के खर्चों के चलते चिन्ताग्रस्त रहेंगे। वर्ष का अंत आपके लिए कड़े परिश्रम और कष्ट वाला बीतेगा। अशुभ फलों के निवारणार्थ शनि, राहु, केतु की शांति के उपाय करें व रूद्राभिषेक करवाएं, अवश्य लाभ होगा।

जनवरी, फरवरी में आत्मविश्वास बढ़ा-चढ़ा रहेगा, सत्पुरुषों की संगति से लाभ होगा। स्त्री व संतान सुख प्राप्त होगा। नवीन मित्रों के सहयोग से सभी कार्य बन जाएंगे। मार्च स्वास्थ्य की दृष्टि से कष्टदायी रहेगा। अप्रैल, मई आपके लिए विशेष लाभदायक रहेगी। जून, जुलाई में रोगों से परेशान रहेंगे। अगस्त से नवंबर तक का समय पूरी तरह से आपके पक्ष का रहेगा, लंबे समय से अटके कार्य पूरे होंगे, मनचाही सफलता प्राप्त करेंगे। अपने बुद्धि चातुर्य और परिश्रम के दम पर समाज में मान-सम्मान व प्रतिष्ठा मिलेगी। दिसंबर में थोड़ा संभल कर रहें, मानसिक चिंताओं से ग्रस्त रहेंगे।

नए वर्ष की निम्न तारीखें आपके लिए अनिष्टकारक रहेंगी अतः कोई भी शुभ कार्य करने से बचें


कर्क (Cancer) (ही, हू, हे, हो, डा, डी, डू, डे, डो)

आने वाला वर्ष 2018 कर्क राशि के जातकों के लिए हर प्रकार से शुभ और मंगलमय रहेगा। हालांकि राहु-केतु की गुरु के साथ बन रही युति के कारण मानसिक चिंताएं व अर्न्तविरोध बना रहेगा। शारीरिक रोगों के चलते पीड़ा रहेगी और कार्यों में व्यवधान बना रहेगा। क्रोध तथा व्यसनों से दूर रहना हर प्रकार का सुख देने का कारण बनेगा। पारिवारिक जिम्मेदारियों को निभाने में सफल होंगे और व्यापार तथा नौकरी में भी सफलता मिलेगी। कठिन परिस्थितियों में बुद्धि बल से अपना काम बना लेंगे। विरोधी भी आपके चातुर्य की प्रशंसा करेंगे।

मान-सम्मान की दृष्टि से नववर्ष आपके लिए शुभ समाचार लेकर आएगा। समाज तथा परिवार में आपका सम्मान बढ़ेगा, लोग आपके निर्णयों की सराहना करेंगे, बहुत संभव है कि आप के हाथों किसी बड़े कार्य का शुभारंभ हो। तिकड़मबाजी और मक्कारी से दूर रहें। ईश्वर आपकी सभी इच्छाएं पूर्ण करेंगे।

फरवरी से जुलाई और सितंबर से अक्टूबर तक का समय आपके लिए विशेष अनुकूल रहेगा। जनवरी, नवबंर तथा दिसंबर में सावधानी रखें, गुप्त शत्रु आपको नुकसान पहुंचाने की चेष्टा करेंगे। परिवारजनों के सहयोग से समय ठीक रहेगा। सावधानी रख कर चलें। वर्ष के आरंभ में गुरु-राहु-केतु की शांति हेतु उपाय करवाने से भाग्य विशेष शुभदायी रहेगा।

आपके लिए निम्न तारीखें अशुभ रहेंगी, अतः इन पर संभल कर ही रहें-


सिंह (Leo) (म, मी, मू, मे, मो, टा, टी, टू, टे)

नववर्ष 2018 आपके लिए मिश्रित फलदायी रहेगा। धनहानि व मानसिक चिंता के चलते आप सही निर्णय लेने में स्वयं को असफल पाएंगे। सुख व ऐश्वर्य में कमी रहेगी। पारिवारिक असंतोष के चलते घर में कलह की स्थिति बनी रहेगी। गुरु की अनुकूलता से वर्ष के पूर्वार्ध अच्छा बीतेगा। धर्म-कर्म में मन लगाएं, इससे मन शांत रहेगा और अनावश्यक मानसिक चिंताएं भी टलेंगी। धैर्य रखकर परिश्रम करने से सफलता की राह खुलेगी। अक्टूबर के बाद से समय अधिक प्रतिकूल हो जाएगा। भगवान शिव की पूजा, रूद्राभिषेक व दुर्गापाठ से अशुभ फलों में कमी आएगी।

जनवरी से मई तक का समय शुभ रहेगा। छोटी-मोटी निराशाएं मिलेंगी परन्तु यही बाद में आपकी सफलता का मार्ग बनाएंगी। जून, जुलाई में खर्चें बढ़ेंगे परन्तु सितंबर में गाड़ी फिर से पटरी पर दौड़ने लगेगी। अक्टूबर से दिसंबर तक का समय मिला-जुला रहेगा अतः निराश न हो वरन ईश्वर में विश्वास रख कर आगे बढ़ते रहें।

आपके लिए निम्न तारीखें अशुभ रहेंगी, अतः इन पर कोई भी शुभ कार्य करने से बचें।


कन्या (Virgo) (टो, प, पी, पू, ष, ण, ठ, पे, पो)

वर्ष 2018 में कन्या राशि में लघु कल्याणी ढैय्या शनि लोहे के पाद से विचरण करेगा। इससे अशुभ फलों की प्राप्ति होगी और मनवांछित मनोकामनाओं की पूर्णता में बार-बार बाधा उत्पन्न होगी। स्वास्थ्य समस्याओं तथा लगातार बढ़ते खर्चों के चलते मन खिन्न रहेगा, मानसिक चिंता व थकावट बनी रहेगी जिससे नवीन कार्य में रूचि खत्म होगी। पड़ौसियों व अनजान लोगों से वाद-विवाद करने से बचें अन्यथा आपके मान-सम्मान को ठेस लग सकती है। गुरु की अनुकूलता के चलते अशुभ फलों में कुछ कमी होगी और धर्म-कर्म में मन लगा रहेगा। सत्संगति करें, जीवनसाथी के साथ दुख बांटने से समस्या दूर करने के आसार बनेंगे। शनि की शांति हेतु पूजा, पाठ, दान आदि उपाय करने से शुभ फलों की प्राप्ति होगी।

जनवरी, फरवरी में सावधान रहे, मार्च से लेकर जून तक का समय अनुकूल रहेगा, तरक्की मिलेगी, उच्चाधिकारियों का सहयोग प्राप्त होगा, मान-सम्मान में भी बढ़ोतरी होगी। जुलाई से अक्टूबर का समय प्रतिकूल रहेगा, अतः सोच-समझकर ही कोई कदम बढ़ाएं। नवंबर में नए मित्र मिलेंगे जिनके सहयोग से बिगड़े काम भी बन जाएंगे। दिसंबर माह मिला-जुला रहेगा, स्त्री सुख व संतान सुख की प्राप्ति होगी।

नए वर्ष में निम्न तारीखों आपके लिए अशुभ फलदायी रहेगी।


तुला (Libra) (र, री, रू रे, रो, ता, ति, तू, ते)

तुला राशि वालों के लिए वर्ष 2018 सभी प्रकार से अनुकूल रहेगा, उन्हें पूरे वर्ष शुभ समाचार मिलेंगे, मनचाही इच्छाओं की पूर्ति होगी। मान-सम्मान तथा यश बढेगा। नौकरी वालों की पदोन्नति होगी व व्यापारियों को कारोबार में लाभ मिलेगा। युवाओं के लिए आने वाला वर्ष विशेष शुभ फलदायी रहेगा। परिवार में एक से अधिक मांगलिक कार्यों का आयोजन होगा। नए मित्र मिलेंगे जिनकी सहायता से आप सफलता की नई ऊंचाईयों को प्राप्त करने में सफल होंगे। चतुर्थ केतु के चलते पारिवारिक विवाद होंगे जिनसे मन अशांत रहेगा। राहु-केतु की शांति के उपाय करवाने से परिवार में शांति, सुख व संतोष रहेंगे।

जनवरी तथा फरवरी में समय पूरी तरह से आपके अनुकूल रहेगा, सुख-सुविधाएं मिलेंगी। मार्च से मई तक धनहानि के योग बन रहे हैं, स्वास्थ्य से जुड़ी समस्याओं के चलते शारीरिक कष्ट से पीड़ित रहेंगे। मन अशांत होगा, व्यर्थ की भागदौड़ रहेगी। जून में नवीन योजनाएं बनेंगी जो आगे चलकर आपको लाभ देंगी। जुलाई, अगस्त में थोड़ी आर्थिक समस्या आ सकती है परन्तु अन्य सभी इच्छाएं पूर्ण होंगी। सितंबर से दिसंबर तक समय हर प्रकार से आपके पक्ष का बना रहेगा।

निम्न तारीखों पर सावधान रहें-


वृश्चिक (Scorpio) (तो, न, नी, नू, ने, नो, या, यी, यू)

वर्ष 2018 में वृश्चिक राशि में शनि की उतरती साढ़े साती चांदी के पाए पर होने से मध्यम रहेगी जबकि गुरु-राहु की युति भी प्रतिकूल लक्षण दर्शा रही है। ऐसे में वृश्चिक राशि के लिए नववर्ष बहुत बुरा नहीं तो बहुत अच्छा भी नहीं रहेगा। नौकरी व व्यवसाय में तरक्की रहेगी लेकिन नवीन योजनाओं को आरंभ करने के कारण हानि उठानी पड़ सकती है। व्यर्थ की भाग-दौड़ रहेगी जिससे स्वास्थ्य भी कमजोर रहेगा, धन की हानि होगी, परिवार की तरफ से भी चिंता बनी रहेगी। वर्ष के अंत में गुरु की अनुकूलता प्राप्त होने से समय आपके पक्ष में बनने लगेगा। परिजनों, मित्रों व उच्चाधिकारियों के सहयोग से आप जीवन के हर क्षेत्र में सफलता प्राप्त करते चले जाएंगे। वर्ष के आरंभ में गुरु, शनि तथा राहु की शांति के निमित्त उपाय करने से अशुभ फलों में कमी आएगी।

जनवरी में आपको मान-सम्मान की प्राप्ति होगी, शत्रु परास्त होंगे। फरवरी, मार्च में चिंता के चलते परेशान रहेंगे। अप्रैल से सितंबर तक का समय ठीक नहीं रहेगा, कड़ी मेहनत के बाद भी असफलताओं का मुंह देखना पड़ेगा, स्त्री-सुख व संतान सुख में कमी आएगी, व्यर्थ के खर्चें बढेंगे। अक्टूबर में समय अनुकूल होने लगेगा परन्तु निश्चिंत न रहें। दिसंबर तक शत्रुओं के चलते हानि कष्ट होगा, व्यापार में लाभ होगा लेकिन बुद्धिभ्रम के चलते हतप्रभ रहेंगे, मन दुखी रहेगा।

निम्न तारीखों पर विशेष सावधानी रखने की आवश्यकता है-


धनु (Sagittarius) (ये, यो, भ, भी, भू, धा, फा, दा, भे)

इस समय धनु राशि को शनि की साढ़े साती चल रही है जो वर्ष 2018 में भी रहेगी। राहु-केतु भी प्रतिकूल ही बने हुए हैं। ऐसे में धनु राशि वालों के लिए आने वाला वर्ष अधिक शुभ नहीं रहेगा। धनु राशि वाले जातकों को जीवन के हर मोर्चे पर कड़े संघर्ष का सामना करना पड़ेगा। स्वास्थ्य कमजोर रहेगा, लगातार भाग-दौड़ बनी रहेगी। स्त्री-संतान सुख में कमी रह सकती है। अपने ही लोगों की बेरूखी के चलते मानसिक परेशानियां निरंतर दुख देंगी। क्रोध या जल्दबाजी में लिए गए फैसलों के चलते कोई बड़ा नुकसान उठाना पड़ सकता है। 11 अक्टूबर से गुरु की प्रतिकूलता बनने से समय और भी कष्टदायी हो जाएगा। संभल कर रहें। वर्ष के आरंभ में ही शनि, राह तथा गुरु की शांति हेतु रूद्राभिषेक, महामृत्युंजय का जप व मां दुर्गा की आराधना कराने से अशुभ फलों में कमी होगी और मन शांत रहेगा।

जनवरी से अप्रैल तक का समय मान-सम्मान के लिए अच्छा रहेगा, शत्रु परास्त होंगे परन्तु अनावश्यक भाग-दौड़ बनी रहेगी। मई से अगस्त के बीच समय प्रतिकूल ही रहेगा, व्यर्थ के खर्चों के कारण धन हानि होगी। शत्रु प्रबल होकर आपके लिए नित नए संकट उत्पन्न करेंगे। सितंबर से दिसंबर तक का समय अत्यधिक कष्ट में बीतेगा, स्वास्थ्य कमजोर रहेगा। दूसरों से अनावश्यक न उलझें वरन बनाकर चलें।

आने वाले वर्ष में निम्न तारीखें आपके लिए कष्टदायक रहेंगी अतः इन दिनों सावधानी से रहें।


मकर (Capricorn) (भो, ज, जी, जू, जे, जो, ख, खी, खू, खे, खो, ग, गी)

वर्ष 2018 में शनि की साढ़े साती आपके मस्तक पर रहेगी और राहु, केतु भी प्रतिकूल रहेंगे। अतः आने वाला वर्ष आपके लिए सोच-समझकर निर्णय लेने तथा धैर्य से शांत रहकर परिश्रम करने का है। इसी से आपको सफलता मिलेगी तथा सभी संकटों से मुक्त भी हो पाएंगे। स्वास्थ्य समस्याओं के चलते परेशान रहेंगे, व्यर्थ की यात्राओं में कष्ट होगा, स्त्री व संतान का सुख सामान्य ही रहेगा। समाज में मान-सम्मान अपेक्षानुरूप नहीं मिलेगा। ईश्वर में आस्था बढ़ेगी। शनि, राहु व केतु की शांति हेतु उपाय आदि करें, शुभ फलों में बढ़ोतरी होगी, अपेक्षाओं के अनुरूप लाभ भी मिलेगा।

जनवरी से अप्रैल के बीच समय अनुकूल रहेगा। व्यापार में लाभ होगा, नौकरीपेशा वालों की पदोन्नति के योग बन रहे हैं। सत्संग का लाभ लेंगे, पारिवारिक सुख में कमी रहेगी। मई से अगस्त तक लगातार अपव्यय के चलते धन की तंगी रहेगी, बुद्धिभ्रम का शिकार होंगे, काम बनते-बनते बिगड़ जाएंगे। सितंबर से समय आपके अनुकूल होना आरंभ होगा जो दिसंबर तक काफी हद तक आपके पक्ष का बन जाएगा।

आने वाले वर्ष की निम्न तारीखों पर सावधानी रखें तथा कोई भी निर्णय सोच-समझकर ही लें।


कुंभ (Aquarius) (गु, गे, गो, सा, सी, सु, से, सो, द)

आने वाला नववर्ष 2018 कुंभ राशि वाले जातकों के लिए हर प्रकार से शुभ, मंगलदायी तथा कल्याणकारी रहेगा। लंबे समय से अटके हुए कार्य पूरे होंगे, प्रचुर धन लाभ होगा, सत्पुरुषों की संगति से जीवन का स्तर सुधरेगा। प्रबलतम शत्रु भी परास्त होंगे। पारिवारिक सुख की प्राप्ति होगी, समाज में मान-सम्मान बढ़ेगा। उच्चाधिकारी आपके बुद्धि चातुर्य की प्रशंसा करेंगे, जीवन के हर क्षेत्र में आपको सफलता प्राप्त होगी परन्तु साझेदारी के कामों से दूर ही रहे। साझेदारी में मनमुटाव व वाद-विवाद के चलते जीवन की गाड़ी डगमगा सकती है, ऐसे किसी भी काम में सोच-समझकर ही कोई निर्णय लें। कार्यभार की अधिकता रहेगा, अपव्यय करने से बचें। भगवान शिव की आराधना आपके सभी मनोरथ पूर्ण करेगी।

जनवरी से मार्च तक का समय आपके लिए अनुकूल रहेगा, आय-व्यय बराबर ही रहेंगे परन्तु मनोबल आत्मविश्वास बढ़ा चढ़ा रहेगा जिसके दम पर असंभव कार्य भी सहज ही कर लेंगे। अप्रैल व मई का समय स्वास्थ्य की दृष्टि से कष्टदायी रहेगा, धन लाभ के अवसर मिलेंगे। जून से सितंबर तक के समय में लाभ कम व खर्चा अधिक होगा। परिवार के सहयोग से सभी काम पूरे कर लेंगे। अक्टूबर से समय पूरी तरह आपके अनुकूल हो जाएगा। दिसंबर तक का समय अच्छा गुजरेगा, पारिवारिक सुख मिलेगा, भाई-बंधुओं के सहयोग से उन्नति प्राप्त होगी।

वर्ष 2018 में निम्न तारीखों पर सावधान रहें।


मीन (Pisces) (दी, दु, थ, झ, ण, दे, दो, चा, ची)

मीन राशि वाले जातकों के लिए आने वाला वर्ष 2018 साधारण ही रहेगा। वर्ष के आरंभ में ही गुरु, राहु की प्रतिकूलता के चलते समय कष्टदायी रहेगा। बुद्धिभ्रम तथा बिना सोच-विचारे लिए गए निर्णयों के चलते कोई बड़ा नुकसान उठाना पड़ सकता है। बीमारियों के चलते शरीर में कष्ट रहेगा, अनावश्यक भाग-दौड़ बनी रहेगी। परिवार तथा मित्रों के सहयोग से बिगड़े काम बनने लगेंगे, क्रोध में कोई भी निर्णय न लें। 12 अक्टूबर से गुरु की अनुकूलता मिलनी आरंभ हो जाएगी जिससे वर्ष का अंत आपके लिए अत्यन्त सुखद रहेगा। वर्ष की शुरुआत में ही गुरु व राहु की शांति के उपाय करने से पूरा वर्ष अच्छा बीतेगा।

जनवरी से अप्रैल तक का समय स्वास्थ्य की दृष्टि से ठीक नहीं रहेगा। मान-सम्मान बढ़ेगा, धनलाभ भी होगा लेकिन भागदौड़ व अनावश्यक खर्चों के चलते परेशान रहेंगे। मई से अगस्त तक का समय आपके लिए संतोषजनक रहेगा। भौतिक सुख-साधनों में वृद्धि होगी, शत्रु परास्त होंगे, सुखद समाचार मिलेंगे। कठोर परिश्रम से आप मनचाही सफलता प्राप्त करेंगे। सितंबर में रोग तथा दुष्ट संगति से बचकर रहें। अक्टूबर में गुरु के लाभ स्थान पर आने से समय आपके पक्ष का बनना आरंभ हो जाएगा जो दिसंबर तक आपको सहयोग करेगा। गुप्त शत्रुओं से सावधान रहें, क्रोध से बचें।

आने वाले वर्ष में निम्न तारीखें आपके लिए अशुभ बन रही हैं अतः सावधान रहें।

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Horoscope Reading 2018

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